sbi child plan आजकल हर अभिभावक अपने बच्चे के बेहतर कल के बारे में सोचकर परेशान रहता है। शिक्षा की बढ़ती लागत, शादी-ब्याह के खर्चे और महंगाई को देखते हुए पहले से ही आर्थिक योजना बनाना बहुत महत्वपूर्ण हो गया है। एसबीआई चाइल्ड प्लान 2026 इसी तरह की चिंताओं का समाधान लेकर आया है।
यह एसबीआई लाइफ इंश्योरेंस की एक विशेष योजना है, जो निवेश के अवसरों के साथ-साथ जीवन बीमा और कर बचत के लाभ प्रदान करती है। स्मार्ट स्कॉलर या स्मार्ट चैंपियन जैसी योजनाओं के जरिए आप बच्चे की उच्च शिक्षा या विवाह जैसे बड़े लक्ष्यों के लिए धन जमा कर सकते हैं। 2026 में इस प्लान में कई नए फीचर्स शामिल किए गए हैं। इस लेख में हम इस योजना की विस्तृत जानकारी साझा करेंगे, ताकि आप सही निर्णय ले सकें। पात्रता से लेकर आवेदन तक सब कुछ आसान हिंदी में समझाया जाएगा।

एसबीआई चाइल्ड प्लान 2026 क्या है?
एसबीआई चाइल्ड प्लान 2026 एक यूनिट-लिंक्ड इंश्योरेंस प्लान (ULIP) है, जो बाजार से जुड़े निवेश विकल्पों के साथ जीवन बीमा सुरक्षा देता है। इसका मुख्य लक्ष्य बच्चे की शिक्षा या शादी के लिए एक मजबूत कोष तैयार करना है। आपके प्रीमियम का एक हिस्सा विभिन्न फंडों में निवेश होता है, जबकि दूसरा हिस्सा बीमा कवर के लिए उपयोग किया जाता है।
प्लान की समयावधि 8 से 25 साल तक चुन सकते हैं। मैच्योरिटी पर आपको फंड वैल्यू या सुनिश्चित राशि मिलती है। यदि अभिभावक की असमय मृत्यु हो जाए, तो प्रीमियम वेवर सुविधा से पॉलिसी बिना रुके चलती रहती है। यह योजना कम जोखिम के साथ 8-12% तक रिटर्न की उम्मीद कराती है। लॉयल्टी बोनस जैसे अतिरिक्त लाभ इसे और आकर्षक बनाते हैं।

पात्रता की शर्तें
इस प्लान के लिए अभिभावक की उम्र 18 से 57 साल के बीच होनी चाहिए, जबकि बच्चे की उम्र 0 से 17 साल तक। मैच्योरिटी के समय बच्चे की आयु 18 से 25 साल के बीच हो। केवल भारतीय नागरिक ही आवेदन कर सकते हैं, और यह लड़के-लड़कियों दोनों के लिए उपलब्ध है। न्यूनतम आय की कोई बाध्यता नहीं है, लेकिन प्रीमियम भुगतान की क्षमता जरूरी है। आप सिंगल प्रीमियम या नियमित प्रीमियम का चुनाव कर सकते हैं।

बड़े बीमा राशि के मामलों में स्वास्थ्य जांच की आवश्यकता पड़ सकती है। कुल मिलाकर, शर्तें काफी सरल हैं, जिससे यह योजना सभी वर्गों के लिए पहुंच योग्य है।

मुख्य लाभ और विशेषताएं
इस योजना का सबसे बड़ा लाभ प्रीमियम वेवर फीचर है, जो अभिभावक की मौत पर बाकी प्रीमियम माफ कर देता है, और बच्चे को तय लाभ मिलते रहते हैं। एक्सीडेंट कवर अतिरिक्त सुरक्षा प्रदान करता है।

कर छूट के मामले में यह बेहद फायदेमंद है: धारा 80C के तहत प्रीमियम पर 1.5 लाख रुपये तक की छूट, और धारा 10(10D) के अंतर्गत मैच्योरिटी राशि पूरी तरह टैक्स-फ्री। उदाहरण के लिए, 50 हजार रुपये वार्षिक प्रीमियम पर 15 साल में 30 लाख से ज्यादा का फंड बन सकता है। फंड स्विचिंग की सुविधा, छठे साल से आंशिक निकासी और किस्तों में भुगतान जैसे विकल्प उपलब्ध हैं। चक्रवृद्धि ब्याज से लंबी अवधि में धन तेजी से बढ़ता है।

जरूरी दस्तावेज क्या हैं?
आवेदन के लिए आधार कार्ड, पैन कार्ड, बच्चे का जन्म प्रमाण-पत्र और बैंक विवरण मुख्य रूप से चाहिए। आय प्रमाण के रूप में सैलरी स्लिप या आयकर रिटर्न लग सकता है। फोटोग्राफ और निवास प्रमाण भी अनिवार्य हैं। उच्च राशि वाली पॉलिसी में मेडिकल रिपोर्ट जरूरी हो सकती है। दस्तावेजों को ऑनलाइन अपलोड या निकटतम ब्रांच में जमा कर सकते हैं। पूरी प्रक्रिया त्वरित और सरल है।
आवेदन कैसे करें?
सबसे पहले एसबीआई लाइफ की वेबसाइट पर प्रीमियम कैलकुलेटर से अनुमान लगाएं। फिर ऑनलाइन फॉर्म भरें, दस्तावेज अपलोड करें और भुगतान पूरा करें। ई-केवाईसी प्रक्रिया से सत्यापन होता है। वैकल्पिक रूप से, ब्रांच में जाकर एजेंट से मार्गदर्शन लें या मोबाइल ऐप के माध्यम से आवेदन करें। पॉलिसी 7 से 15 दिनों में सक्रिय हो जाती है, और दस्तावेज ईमेल पर प्राप्त हो जाते हैं।
समापन विचार
एसबीआई चाइल्ड प्लान 2026 बच्चे के भविष्य को मजबूत बनाने का एक शानदार विकल्प है। यह न केवल बीमा और अच्छे रिटर्न देता है, बल्कि कर बचत के साथ परिवार की आर्थिक सुरक्षा भी सुनिश्चित करता है। पात्रता आसान, दस्तावेज न्यूनतम और आवेदन प्रक्रिया सुगम है। अभिभावक इस योजना को अपनाकर बेफिक्र हो सकते हैं। याद रखें, जितनी जल्दी शुरू करेंगे, उतना ज्यादा चक्रवृद्धि का जादू काम करेगा।





